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🏘🏡  *मेरा पता*   🏘🏡   🏡🏘 *ମୋ ଠିକଣା*🏘🏡 **************************** 👉  *सदस्यता फार्म में बर्तमान सदस्य के  नॉम्बर जो हे जरूर दे*  *ଧ୍ଯାନଦିଅନ୍ତୁ ଆପଣଙ୍କ ବର୍ତମାନ ସଦଶ୍ୟତା ଫର୍ମ ର ନମ୍ବର ନିଶ୍ଚିତ ଭାବେ ଲେଖିବେ* --------------------------------------------  *सदस्यता फार्म के नॉम्बर:*:-:- *ସଦଶ୍ୟତା ଫର୍ମ ନମ୍ବର*-    :-:-                                                       नाम--(ନାମ):-   मोबाइल नम्बर--(ମୋବାଇଲ ନଂ)  पिता का नाम-- (ପିତାଙ୍କ ନାମ)  बंश:-(ବଂଶ)  गौत्र:-(ଗୌତ୍ର)  पता:- (ଠିକଣା):-  वार्ड नम्बर/ मोहल्ला‐(ୱାର୍ଡ ନମ୍ବର):-  गाव/ (ଗ୍ରାମ):-  डाक खाना--(ଡାକ ଖାନା):-  थाना---(ଥାନା):-  जिला--(ଜିଲ୍ଲା):-  पिन कोड--(ପିନ କୋର୍ଡ):-  प्रदेश:-(ରାଜ୍ୟ):-  शिक्षा जोग्यता:-(ଶିକ୍ଷାଗତ ଯୋଗ୍ଯତା):-  उम्र:-(ବୟସ):-  वाट्सएप नम्बर:-(ୱାଟସପ ନମ୍ବର):-  ईमेल आई डी:-(ଇମେଲ ଆଇଡି):-  *अभी सदस्यता अभियान चल रहा है !* *ବର୍ତ୍ତମାନ ସଦସ୍ୟତା ଅଭିୟାନ ଚାଲୁଅଛି !*  *नाम डाक पता व मोबाइल नम्बर "क्रंति खड़ू" के क्रंति खड़ू सेना  कार्यसूची में जोड़े-------*  *ନିଜନାମ ଡାକ ଠି କଣା ମୋ.ନଂ "'କ୍ରାନ୍ତି ଖଡୁ"' ର କିର୍ଯ୍ୟାଳୟ ରେ ଦିଅନ୍ତୁ ଯାହାଫଲରେ ଦିଳ୍ଲି ପଞିକରଣ  ଅଫିସ ରେ ଆପଣଙ୍କ ନାମ ଚଢିବ*  **कार्यसूची( Agenda )* *इस प्रकार  *अपना नाम व डाक  ठीकाना  दे,ताकि एक लिस्ट बनेगा*💐🌹      *ନିଜର ନାମ ଡାକଠିକଣା  ସହ ଦିଅନ୍ତୁ ,ଯାହା ଫଳରେ  ସମାଜର* *ହିତେଶି ସମସ୍ତ ଭାଇ ବନ୍ଧୁଙ୍କ ଏକ ଲିଷ୍ଟ ଗୋଟିଏ ତିଆରି ହେବ ଏବଂ "କ୍ରାନ୍ତି ଖଡୁ" ଖବର କାଗଜ ର / କ୍ରାନ୍ତିଖଡୁ ସୈନା /ଅଖିଳ ଭାରତୀୟ ଖଡୁରା ମହାସଙ୍ଘ ରେ ନିଜକୁ ଯୋଡିବା ସହ ଆପଣ  ଖଡୁରା ସମାଜ ବିକାଶ ତଥା କଲ୍ୟାଣରେ ସହଯୋଗୀ ହୁଅନ୍ତୁ* ! *କାର୍ଯ୍ୟକାରିଣି  ସଦସ୍ୟତା ଲିଷ୍ଟ ତିଆରି କରା ଯାଉଅଛି ସେଥିରେ ସାମିଲ ହୁଅନ୍ତୁ!*       *"क्रंति खड़ू" न्यूज़ पेपर के*  *कार्ज्यकरिणी के लिए बुलाया जानेके साथ*    *समाज के कार्य कारिणी सदश्य भी चुना जाएगा ।* *ओर( क्रंति खड़ू सेना )खडूरा/खर्रा महासंघ से खुद जोड़ने के साथ परिजनों को  जोडें और समाज बिकाश तथा कल्याण में सहयोगी बने।*  *अभी सदस्य लिस्ट  बना जा रहा है, उसमें आप आए सामिल हो*  🌹🙏 *एक बिसेष सूचन*    🌹 *आप सभी ग्रुप  महोदय से सादर अनुरोध है कि इस ग्रुप में जितने खडूरा/खर्रा वंशीय स्वजातिय सदस्यो को है उनका नाम व नम्बर पुरा परिचय तथा विभाग कोड ग्रुप के वाटसप पर डाल दे जिससे ग्रुप के सभी सदस्यो से सम्पर्क करने मे सरलता रहेगी।*  *ବିଶେଷ ସୂଚନା:- ସମସ୍ତ ଭାଇ ମାନଙ୍କୁ ନିବେଦନ /ଖର୍ରା ସ୍ୱଜାତିୟ ବଂନ୍ଧୁ ମାନଙ୍କୁ  ତାଙ୍କ ନାମ ,ଗ୍ରାମ ସହ ତାଙ୍କ ବାୟୋଡାଟା ଦେବାକୁ ଅନୁରୋଧ ! କାରଣ ପରିଚୟ ପ୍ରାପ୍ତ ହେଲେ ସମସ୍ତ ଭାଇ ମାନଙ୍କ ମଧ୍ଯରେ ଜୋଗା ଜୋଗ ସହ ସୁସମ୍ପର୍କ ସ୍ଥାପନ ହେବ !*
👇👇👇👇👇👇👇👇👇 *आए एक बार जरूर पूरी पढ़े और खडूरा/खर्रा कोन हे,उसका स्वाधीनता संग्राम में कब और कैसे हात था जाने ओर चर्चा करें।* आप ओर हमारे समाज के बाकी भाईओं को सायद मालूम न होगा कि हम भारत के प्रथम स्वाधीनता संग्राम जो 1885 में हुआ eथा उससे पहले हम खडूरा/खर्रा समाज 1762 मे वही कांटे दार कंगन बनाकर नारी समाज को उपहार दिया था।जो कि नारी समाज पहन कर अपनी इज्जत अबब्रु बचाने के साथ अपनी सुरक्षा करती थी।ओर एक बात बता दूं कि छत्तीस गढ़ ओर झारखंड के बहुत सहर ओडिशा में जो पहले (उत्कल)हुआ करता था उस समय जुडा हुआ था।ओर आप झारखंड और छतीस गढ़ के सभी ओडिशा से अभी जाकर वहां जा बैठे हो।दुःख की बात वही है जो आप सभी सामाजिक बन्धु आज तक नहीं जान पारहे हो।"'खड़ू"" ओडिया भषा अभिधान  के है जो कंगन कहलाता है।सभी सामाजिक बंधुओं आप सभी ध्यान दे हमारे समाज जो खर्रा/खडूरा/खोदरा/खरूरा नाम से जाने जाते है असल मे हम सभी "'*खडूरा*"' है।क्यों कि हम ""खड़ू"" बना के बेचने का कारोबार करने के कारण हमसे ""*रा*"'जातीय प्रत्यय जुड़ा हुआ है।जो "'*खडूरा*"'हुए हैं।मगर  छत्तीशगढ़ ओर ओडिशा के पस्चिमी भागो में ओर अनेक प्रान्त में "'*ड*"'हर बक्त ""*र*"'उच्चारण होता है जैसे "'*गुड़*"'को हम "'*गुर*"' कहते हैं इस के कारण हम  "'*खडूरा*"' के जगह "'*खरुरा*''" या ""*खर्रा*"' के नाम से जाने जाते हैं। ओर आप लोग जान ले वही"'* खड़ू""* *क्रांतिखड़ू*  है।मगर दुःख की बात यह है जो कि आप को मालूम नहीं।ओर एक बात बता देना चाहता हूँ कि,वही ""*क्रंतिखड़ू*"'को कैसे हम सब मिल के दुनियाँ को दिखलाना है चिंतन करें।आप सभी तो जानते होंगे इतिहास में सभी स्वाधीनता संग्रामियों की नाम है।मगर खडूरा/खर्रा उस समय "'खड़ू"" बनाकर खुत को प्रशासन बिरोधी बनाकर फाशी ,सूली ओर गोली भी खाई है ।ओर बाकी सामाजिक खडूरा/खर्रा खुत को उनसे बचते हुए छुप छूप के गांव देहात में दिन बिताया है।इतना बड़ा ब काम करने के बबजुत भी हमारा समाज ""*खडूरा/खर्रा""* को *"'भारत इतिहास""* आज तक उस दर्जा नहीं दिया है जो एक स्वाधीनता परिबार या बंश को दिया जाता है। इस लिए हम एक प्रयास जारी किए हैं ।ओर *दिल्ली से एक न्यूज पेपर के नाम से रेजिस्टेशन करके *🦁""क्रंति खड़ू"" 🦁को मैं गोपीनाथ साहू दुनियां में दिखलाने के प्रयास कर रहा हूँ।*
👇👇👇👇👇👇👇👇👇 *आए एक बार जरूर पूरी पढ़े और खडूरा/खर्रा कोन हे,उसका स्वाधीनता संग्राम में कब और कैसे हात था जाने ओर चर्चा करें।* आप ओर हमारे समाज के बाकी भाईओं को सायद मालूम न होगा कि हम भारत के प्रथम स्वाधीनता संग्राम जो 1885 में हुआ eथा उससे पहले हम खडूरा/खर्रा समाज 1762 मे वही कांटे दार कंगन बनाकर नारी समाज को उपहार दिया था।जो कि नारी समाज पहन कर अपनी इज्जत अबब्रु बचाने के साथ अपनी सुरक्षा करती थी।ओर एक बात बता दूं कि छत्तीस गढ़ ओर झारखंड के बहुत सहर ओडिशा में जो पहले (उत्कल)हुआ करता था उस समय जुडा हुआ था।ओर आप झारखंड और छतीस गढ़ के सभी ओडिशा से अभी जाकर वहां जा बैठे हो।दुःख की बात वही है जो आप सभी सामाजिक बन्धु आज तक नहीं जान पारहे हो।"'खड़ू"" ओडिया भषा अभिधान  के है जो कंगन कहलाता है।सभी सामाजिक बंधुओं आप सभी ध्यान दे हमारे समाज जो खर्रा/खडूरा/खोदरा/खरूरा नाम से जाने जाते है असल मे हम सभी "'*खडूरा*"' है।क्यों कि हम ""खड़ू"" बना के बेचने का कारोबार करने के कारण हमसे ""*रा*"'जातीय प्रत्यय जुड़ा हुआ है।जो "'*खडूरा*"'हुए हैं।मगर  छत्तीशगढ़ ओर ओडिशा के पस्चिमी भागो में ओर अनेक प्रान्त में "'*ड*"'हर बक्त ""*र*"'उच्चारण होता है जैसे "'*गुड़*"'को हम "'*गुर*"' कहते हैं इस के कारण हम  "'*खडूरा*"' के जगह "'*खरुरा*''" या ""*खर्रा*"' के नाम से जाने जाते हैं। ओर आप लोग जान ले वही"'* खड़ू""* *क्रांतिखड़ू*  है।मगर दुःख की बात यह है जो कि आप को मालूम नहीं।ओर एक बात बता देना चाहता हूँ कि,वही ""*क्रंतिखड़ू*"'को कैसे हम सब मिल के दुनियाँ को दिखलाना है चिंतन करें।आप सभी तो जानते होंगे इतिहास में सभी स्वाधीनता संग्रामियों की नाम है।मगर खडूरा/खर्रा उस समय "'खड़ू"" बनाकर खुत को प्रशासन बिरोधी बनाकर फाशी ,सूली ओर गोली भी खाई है ।ओर बाकी सामाजिक खडूरा/खर्रा खुत को उनसे बचते हुए छुप छूप के गांव देहात में दिन बिताया है।इतना बड़ा ब काम करने के बबजुत भी हमारा समाज ""*खडूरा/खर्रा""* को *"'भारत इतिहास""* आज तक उस दर्जा नहीं दिया है जो एक स्वाधीनता परिबार या बंश को दिया जाता है। इस लिए हम एक प्रयास जारी किए हैं ।ओर *दिल्ली से एक न्यूज पेपर के नाम से रेजिस्टेशन करके *🦁""क्रंति खड़ू"" 🦁को मैं गोपीनाथ साहू दुनियां में दिखलाने के प्रयास कर रहा हूँ।*
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